हैवानियत: टीचर ने जूतों से की बच्‍चे की पिटाई, सीसीटीवी में रिकॉर्ड

0 189
पांच मिनट के इस वीडियो में नजर आ रहा है कि टीचर कमल शर्मा उर्फ पिंकी दूसरी क्लास के बच्चे को जूते से पीट रहा है। उसकी उंगलियों को काट रहा है। वीडियो के एक हिस्से में टीचर नाबालिग बच्चे के सिर के बाल और नाक पकड़कर उसे झकझोर रहा है।
फुटेज में टीचर बच्चे को कई बार थप्पड़ मारता है और लगातार चाबियों और ग्लास से हमला करता है। बुरी तरह पीटने के बाद बच्चे को पानी ऑफर किया गया और उसे जबरन मुस्कुराने को कहा गया। घटना का पूरा वीडियो रविवार को सोशल मीडिया में वायरल हो गया।
अलीगढ़ के नौरंगाबाद में बच्चे को घर में ट्यूशन पढ़ाने आए टीचर का खौफनाक सीसीटीवी फुटेज देखकर परिजन सकते में आ गए हैं। फुटेज में टीचर सात वर्षीय बच्ची को बुरी तरह पीटता नजर आ रहा है। घटना तब प्रकाश में आई जब परिजनों ने घर लगे सीसीटीवी कैमरे की वीडियो चैक की।
मामले में अलीगढ़ के एसएसपी अजय कुमार साहनी ने बताया कि आईपीसी की धारा 307 (हत्या की कोशिश) के तहत आरोपी टीचर के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। हालांकि पुलिस अभी तक उसे गिरफ्तार नहीं कर पाई है।
वहीं पीड़ित बच्चे के पिता अमित शर्मा ने बताया कि उनका बेटा अनुज के शर्मा दूसरी क्लास का छात्र है। उसने कुछ दिन पहले मुंह दर्द होने की बात कही। वह काफी उदास रहने लगा था। मगर उसने शांत रहने का मतलब हमारी समझ से परे था।
शर्मा के मुताबिक बीते शुक्रवार की शाम एक मजदूर ने वर्कशॉप को लेकर शिकायत की और सीसीटीवी में इसे देखने को कहा। जब फुटेज चैक की तो यह देखकर पूरा परिवार चौंक गया कि ट्यूशन टीचर उनके बच्चे को बुरी तरह पीट रहा है।
शर्मा कहते हैं, ‘मुझे बहुत बुरा महसूस हुआ कि मेरे ही घर में टीचर मेरे बेटे को रोज बुरी तरह पीट रहा है और मैं कुछ नहीं कर सका। मेरा बेटा चिल्ला रहा था और दर्द में था। मगर मैं उसे बचा नहीं सका।’ अमित कहते हैं कि घर में काफी आवाज होने के चलते किसी को पता नहीं चला कि कुछ गलत हो रहा है।

अमित के मुताबिक उनका बेटा टीचर से बहुत डरा हुआ था। जबतक सीसीटीवी फुटेज सामने नहीं आया तब तक वह किसी को कुछ बताने को तैयार ही नहीं था। आरोपी टीचर पिछले करीब छह महीनों से बच्चों को घर में शिक्षा दे रहा था।
यह भी पढ़ें: VHP नेता विनोद बंसल के दावे पर एंकर ने वीडियो चलाकर दिया सबूत,माफी मांगने को कहा
वह दिन में दो से तीन बजे के बीच आता और अमित को घर में ही बने ऑफिस में ट्यूशन पढ़ाता था। इसके बदले में हर महीने दो हजार रुपए दिए जाते थे।

Leave A Reply

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More