चांदनी चौक के प्राचीन मंदिर से चोरी की थी शनिदेव की अष्टधातु मूर्ति, कोतवाली पुलिस ने मूर्ति के साथ चोर और कबाड़ी को पकड़ा

नई दिल्ली: उत्तरी दिल्ली की कोतवाली थाना पुलिस ने चांदनी चौक स्थित एक प्राचीन मंदिर से भगवान शनिदेव की बेशकीमती अष्टधातु मूर्ति और अन्य सामान चोरी होने के सनसनीखेज मामले को महज दो दिनों के भीतर सुलझा लिया है। पुलिस ने इस मामले में चोरी करने वाले शातिर अपराधी और चोरी का सामान खरीदने वाली महिला कबाड़ी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने मंदिर से चोरी हुई प्राचीन मूर्ति सहित सभी सामान शत-प्रतिशत बरामद कर लिए हैं।

उत्तरी जिले के डीसीपी राजा बांठिया ने बताया कि 12 मई को चांदनी चौक के कटरा लहस्वान स्थित शनि मंदिर के पुजारी मुकेश शर्मा ने ई-प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि सुबह जब वे मंदिर पहुंचे, तो वहां से भगवान शनिदेव की प्राचीन अष्टधातु मूर्ति और पीतल के अन्य सामान गायब थे। 16 मई को होने वाली ‘महा शनि जयंती’ के महत्व को देखते हुए श्रद्धालुओं की आस्था और मामले की संवेदनशीलता के कारण पुलिस ने इसे प्राथमिकता पर लिया।

एसीपी कोतवाली शंकर बनर्जी के मार्गदर्शन और इंस्पेक्टर कुलदीप सिंह के नेतृत्व में एसआई शुभम, एकता, एएसआई सत्यबीर और अन्य पुलिसकर्मियों की एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल और आसपास के करीब 300 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को खंगाला। फुटेज के विश्लेषण से एक संदिग्ध की स्पष्ट तस्वीर सामने आई, जिसकी पहचान स्थानीय मुखबिरों ने यमुना बाजार इलाके के आदतन अपराधी दिलशाद उर्फ बंटा (45 वर्ष) के रूप में की।

पुलिस ने 14 मई की रात को दिलशाद उर्फ बंटा को हनुमान मंदिर, यमुना बाजार के पास से धर दबोचा। पूछताछ में उसने कबूल किया कि उसने चोरी की मूर्ति और अन्य सामान लाल किले के पास सर्वोदय मोहल्ला स्थित एक महिला कबाड़ी गीता कुमारी को मात्र ₹3800 में बेच दिए हैं। पुलिस ने तुरंत छापेमारी कर गीता कुमारी के घर से चोरी हुई अष्टधातु की मूर्ति और पीतल के अन्य सामान बरामद कर लिए, जिसके बाद उसे भी गिरफ्तार कर लिया गया।

आरोपी दिलशाद उर्फ बंटा ने खुलासा किया कि वह नशे का आदी है और अपनी जरूरतों को पूरा करने के लिए चोरी करता है। उसने बताया कि 11 और 12 मई की दरम्यानी रात को उसने टेंट की मदद से मंदिर की दीवार फांदकर इस वारदात को अंजाम दिया था। दिलशाद पहले से ही स्नैचिंग, चोरी और आर्म्स एक्ट के 15 मामलों में शामिल रहा है। वहीं, आरोपी गीता कुमारी और उसका पति कबाड़ का काम करते हैं और वह भी पहले एक चोरी के मामले में शामिल रही है।

पुलिस ने आरोपियों के पास से एक अष्टधातु की प्राचीन शनिदेव मूर्ति, एक पीतल का छत्र, एक गदा, एक प्लेट और दो लाइट स्टैंड बरामद किए हैं। शनि जयंती से ठीक पहले पुलिस की इस त्वरित और पेशेवर कार्रवाई ने न केवल वारदात को सुलझाया, बल्कि स्थानीय निवासियों और भक्तों के बीच सुरक्षा और विश्वास को भी मजबूत किया है। मामले में आगे की कानूनी कार्यवाही जारी है।

Comments are closed.

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More