गाजीपुर में चरस, स्मैक और ‘हाइब्रिड गांजा’ के साथ दो गिरफ्तार

नई दिल्ली: दिल्ली के पूर्वी जिला की स्पेशल स्टाफ टीम ने नशीले पदार्थों के खिलाफ अपनी ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए दो ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने गाजीपुर थाना क्षेत्र में गश्त के दौरान इन आरोपियों को दबोचा और उनके कब्जे से 115 ग्राम चरस, 35 ग्राम स्मैक और 5 ग्राम ‘हाइब्रिड गांजा’ बरामद किया है। पकड़े गए दोनों आरोपी करावल नगर स्थित एक ही गेस्ट हाउस में काम करते हैं।

पूर्वी जिले के डीसीपी राजीव कुमार ने बताया कि नशा तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए स्पेशल स्टाफ प्रभारी इंस्पेक्टर जितेंद्र मलिक के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। इस टीम में एसआई अमन, हेड कांस्टेबल विशाल, सनी, हिमांशु, नरेश और कांस्टेबल हिमांशु, राजीव व सनोज शामिल थे। यह टीम संवेदनशील इलाकों में निरंतर गश्त और निगरानी कर रही थी।

9 अप्रैल को गश्त के दौरान टीम गाजीपुर स्थित गांव घडोली, शर्मनाथ बांध के सामने रोड नंबर 109 पर पहुंची। वहां दो युवक संदिग्ध परिस्थितियों में घूमते नजर आए। पुलिस टीम को देखते ही वे घबरा गए और भागने की कोशिश करने लगे। सतर्क पुलिसकर्मियों ने मुस्तैदी दिखाते हुए दोनों को घेर कर दबोच लिया। नियमानुसार तलाशी लेने पर उनके पास से चरस, स्मैक और गांजे की खेप बरामद हुई।

पकड़े गए आरोपियों की पहचान शुभम जैन (31 वर्ष), निवासी लोनी रोड, यूपी और राहुल कुमार (22 वर्ष), निवासी शिव विहार, दिल्ली के रूप में हुई है। शुभम जैन करावल नगर के एक गेस्ट हाउस में रिसेप्शनिस्ट के तौर पर काम करता है, जबकि राहुल कुमार उसी गेस्ट हाउस में सफाई कर्मचारी है। पूछताछ में उन्होंने स्वीकार किया कि वे जल्दी पैसा कमाने के चक्कर में स्थानीय स्तर पर नशे की सप्लाई करने लगे थे।

पुलिस ने इस संबंध में गाजीपुर थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। डीसीपी ने बताया कि अब इस नेटवर्क के मुख्य सप्लायर और इसके ‘फॉरवर्ड व बैकवर्ड’ संपर्कों का पता लगाने के लिए छापेमारी की जा रही है। पुलिस का लक्ष्य पूरी सप्लाई चेन को ध्वस्त करना है ताकि समाज को नशा मुक्त बनाया जा सके। पुलिस ने नागरिकों से भी अपील की है कि वे अवैध गतिविधियों की जानकारी साझा कर पुलिस का सहयोग करें।

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