तड़ीपार होने के बावजूद चोरी-छिपे दिल्ली में रह रहे थे बदमाश, एंटी-बर्गरलरी सेल ने चार को दबोचा

नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस के द्वारका जिला अंतर्गत एंटी-बर्गरलरी सेल की टीम ने एक विशेष अभियान के तहत दिल्ली से तड़ीपार किए गए 4 शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। ये अपराधी अदालती आदेशों का उल्लंघन कर चोरी-छिपे दिल्ली के विभिन्न इलाकों में रह रहे थे और आपराधिक गतिविधियों में शामिल थे। पुलिस ने इन्हें 18 मार्च की तड़के सुबह छावला, नजफगढ़, डाबरी और बिंदापुर इलाकों में की गई छापेमारी के दौरान दबोचा। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सागर नायक, सन्नी उर्फ चिल्ली, राखी और दीपक उर्फ चेला के रूप में हुई है।

द्वारका जिले के डीसीपी कुशल पाल सिंह ने बताया कि सक्रिय अपराधियों और उनकी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए एसीपी ऑपरेशंस के मार्गदर्शन और एंटी-बर्गरलरी सेल प्रभारी इंस्पेक्टर विवेक मेंदोला के नेतृत्व में एसआई विनोद, एएसआई राजेश कुमार और हेड कांस्टेबल नरेश सहित एक विशेष टीम गठित की गई थी। टीम ने तकनीकी और मैनुअल सर्विलांस के जरिए उन तड़ीपार अपराधियों की सूची तैयार की, जो शहर से बाहर रहने के आदेश के बावजूद वापस लौट आए थे। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने 15 अलग-अलग स्थानों पर एक साथ छापेमारी की।

पकड़े गए आरोपियों में सबसे खतरनाक दीपक उर्फ चेला (25 वर्ष) है, जो कुतुब विहार का रहने वाला है। वह एक आदतन सेंधमार है और उसके खिलाफ घर में चोरी और सेंधमारी के 20 से अधिक मामले दर्ज हैं। उसे मई 2025 में एक साल के लिए दिल्ली से बाहर निकाला गया था। वहीं, राखी (33 वर्ष) नामक महिला आरोपी के खिलाफ आबकारी अधिनियम के 9 मामले दर्ज हैं और उसे दिसंबर 2026 तक के लिए तड़ीपार किया गया था।

गिरफ्तार अन्य दो आरोपी सागर नायक (24 वर्ष) और सन्नी उर्फ चिल्ली (32 वर्ष) भी अवैध शराब की तस्करी में शामिल रहे हैं। सागर नायक को सितंबर 2025 में 6 महीने के लिए और सन्नी को फरवरी 2026 में 4 महीने के लिए दिल्ली से निष्कासित किया गया था। पुलिस ने इन सभी के खिलाफ दिल्ली पुलिस अधिनियम की धारा 53/116 के तहत कार्रवाई की है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि तड़ीपार रहने के दौरान इन्होंने दिल्ली में और किन वारदातों को अंजाम दिया है। मामले में आगे की कानूनी तफ्तीश जारी है।

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