झपटमारी के मामले में फरार ‘जंगली’ को एएटीएस वेस्ट जिला पुलिस ने पकड़ा

नई दिल्ली: दिल्ली के पश्चिमी जिला की एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वाड की ‘पीओ सेल’ ने अदालती कार्यवाही से बच रहे अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने झपटमारी और चोरी के दर्जनों मामलों में शामिल एक शातिर उद्घोषित अपराधी को गिरफ्तार किया है। पकड़ा गया आरोपी पुष्पेंद्र उर्फ जंगली (27) पिछले काफी समय से फरार चल रहा था और पुलिस की आंखों में धूल झोंक रहा था, जिसे अब पुलिस ने मंगोलपुरी इलाके से दबोच लिया है।

पश्चिमी जिले के डीसीपी दराडे शरद भास्कर के निर्देशानुसार, फरार अपराधियों और भगोड़ों की धरपकड़ के लिए एसीपी ऑपरेशंस विजय सिंह के मार्गदर्शन और एएटीएस प्रभारी इंस्पेक्टर मुकेश मीणा के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। इस टीम में हेड कांस्टेबल राजकुमार, रामनिवास, प्रदीप और महिला हेड कांस्टेबल सुनीता शामिल थे। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, पुष्पेंद्र उर्फ जंगली एक आदतन अपराधी है, जो दिल्ली के विभिन्न थानों में झपटमारी, चोरी और अन्य संगीन अपराधों के लगभग 15 मामलों में शामिल रहा है।

घटनाक्रम के अनुसार, पुष्पेंद्र के खिलाफ थाना पंजाबी बाग में झपटमारी और चोरी की धाराओं के तहत मामला दर्ज था। मुकदमे की सुनवाई के दौरान वह लगातार अदालत से नदारद रहा, जिसके बाद तीस हजारी कोर्ट के न्यायाधीश ने 22 सितंबर 2025 को उसे आधिकारिक रूप से उद्घोषित अपराधी घोषित कर दिया था। इसके बाद से ही एएटीएस की टीम तकनीकी निगरानी और मानवीय खुफिया जानकारी के जरिए उसकी तलाश में जुटी थी।

25 फरवरी को पुलिस टीम को एक गुप्त सूचना मिली कि पुष्पेंद्र उर्फ जंगली मंगोलपुरी इलाके में देखा गया है और वह अपनी लोकेशन बदल रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने जाल बिछाया और सटीक घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी ने पंजाबी बाग थाने के मामले में अपनी संलिप्तता और फरार होने की बात स्वीकार कर ली है। पुलिस अब उससे पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि फरारी के दौरान उसने और कितनी वारदातों को अंजाम दिया है। इस गिरफ्तारी के साथ ही पुलिस ने पंजाबी बाग थाने से संबंधित एक महत्वपूर्ण मामले को सुलझाने में सफलता प्राप्त की है।

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