करोल बाग में आईपीएल सट्टेबाजी रैकेट का भंडाफोड़; दिल्ली बनाम गुजरात मैच पर दांव लगाते चार आरोपी गिरफ्तार

नई दिल्ली: दिल्ली के सेंट्रल जिला की स्पेशल स्टाफ टीम ने करोल बाग इलाके में चल रहे एक आईपीएल सट्टेबाजी रैकेट का पर्दाफाश करते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी दिल्ली और गुजरात के बीच चल रहे आईपीएल मैच पर मोबाइल फोन और ऑनलाइन माध्यमों के जरिए सट्टा लगा रहे थे। पुलिस ने मौके से सट्टेबाजी में इस्तेमाल मोबाइल फोन और दांव पर लगी नकदी बरामद की है।

सेंट्रल जिले के डीसीपी रोहित राजबीर सिंह ने बताया कि 8 अप्रैल को करोल बाग के डब्ल्यूईए स्थित एक इमारत में कुछ लोगों द्वारा आईपीएल सट्टेबाजी की गुप्त सूचना मिली थी। सूचना की गंभीरता को देखते हुए एसीपी ऑपरेशंस पदम सिंह राणा की देखरेख और स्पेशल स्टाफ प्रभारी इंस्पेक्टर रोहित कुमार के नेतृत्व में एसआई ओमबीर त्यागी, हेड कांस्टेबल मुनेश शर्मा, प्रवीण और मनीष सहित एक विशेष टीम का गठन किया गया।

ऑपरेशन के विवरण देते हुए डीसीपी ने बताया कि पुलिस टीम ने मुखबिर की सहायता से बताए गए स्थान पर जाल बिछाया। पुख्ता जानकारी मिलने के बाद जब टीम ने परिसर में छापेमारी की, तो वहां चार व्यक्ति मोबाइल फोन के जरिए मैच पर दांव लगाते हुए पाए गए। पुलिस ने मौके से आरोपी अमन जैन और आशीष कुमार के पास से दो मोबाइल फोन और दांव पर लगी 2,870 रुपये की नकदी बरामद की।

पकड़े गए आरोपियों की पहचान हिमांशु (करोल बाग), अमन जैन (अशोक विहार), आकाश गर्ग (हरि नगर) और आशीष कुमार (रानी बाग) के रूप में हुई है। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे आईपीएल मैचों के दौरान सक्रिय रूप से सट्टेबाजी में शामिल रहते थे। वे मोबाइल कॉल और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए सट्टा बुक करते थे और पैसों का लेनदेन नकद व डिजिटल दोनों माध्यमों से किया जाता था।

पुलिस ने जब बरामद मोबाइल फोन की जांच की, तो उनमें सट्टेबाजी के लेनदेन से संबंधित कॉल लॉग और रिकॉर्डिंग मिली, जिससे उनके अवैध गतिविधियों में शामिल होने की पुष्टि हुई। पुलिस ने करोल बाग थाने में दिल्ली पब्लिक गैंबलिंग एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर सभी को गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल पुलिस इस नेटवर्क के मुख्य स्रोत और अन्य सहयोगियों का पता लगाने के लिए आगे की जांच कर रही है।

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