पार्थ और जय ने पिता को दी मुखाग्नि, भतीजे की विदाई देख मौन हुए शरद पवार, गमगीन रहा बारामती का नजारा, देखें तस्वीरें

राष्ट्रीय जजमेंट

महाराष्ट्र के कद्दावर नेता, उपमुख्यमंत्री और राकांपा प्रमुख अजित पवार का गुरुवार को पूरे राजकीय सम्मान के साथ बारामती के विद्या प्रतिष्ठान मैदान में अंतिम संस्कार किया गया। अपने पसंदीदा नेता की एक झलक पाने और उन्हें अंतिम विदाई देने के लिए बारामती की सड़कों पर हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े। उनकी अंतिम यात्रा में समर्थकों की रुलाई और “अजित दादा परत या” (अजित दादा वापस आओ) के नारों ने माहौल को और भी गमगीन कर दिया। अंतिम संस्कार के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे सहित कई बड़े नेता मौजूद थे। परिवार और समर्थकों का दर्द अंतिम संस्कार के दौरान अजित पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार और उनके दोनों बेटे, पार्थ और जय, उपस्थित थे। नम आंखों के साथ दोनों बेटों ने अपने पिता की चिता को मुखाग्नि दी। बारामती के काटेवाड़ी गांव से लेकर विद्या प्रतिष्ठान तक, हर आंख नम थी। एक समर्थक ने रोते हुए कहा, “अजित दादा ने इस क्षेत्र को नई पहचान दी, उनके जैसा विकास पुरुष दोबारा नहीं होगा।” शाह, गडकरी सहित कई बड़े नेताओं ने दी अंतिम श्रद्धांजलि केंद्रीय मंत्री अमित शाह, नितिन गडकरी, रामदास अठावले, बीजेपी अध्यक्ष नितिन नबीन, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत, पूर्व केंद्रीय मंत्री सुशीलकुमार शिंदे और आंध्र प्रदेश के मंत्री नारा लोकेश उन नेताओं में शामिल थे जिन्होंने पवार के पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र अर्पित किए। इसके बाद, पार्थ और जय ने अपने पिता की चिता को अग्नि दी। बारामती पवार परिवार का गृहनगर है, जो पुणे से 100 किलोमीटर दूर है। अजित दादा अमर रहे के नारे अजित पवार के अंतिम संस्कार के लिए हजारों लोग एकत्रित हुए और जब उनके पार्थिव शरीर को राष्ट्रीय ध्वज में लपेटकर उनके गांव काटेवाडी से विद्या प्रतिष्ठान के मैदान में लाया गया तो लोगों ने ‘‘अजित दादा अमर रहे’’ के नारे लगाए। सुनेत्रा पवार जब अपने दिवंगत पति को श्रद्धांजलि दे रही थीं तो बारामती से राकांपा (शरदचंद्र पवार) की लोकसभा सदस्य एवं उनकी चचेरी बहन सुप्रिया सुले अपनी चाची (सुनेत्रा पवार) के साथ खड़ी और उन्हें सांत्वना देती दिखीं। मुखाग्नि दिए जाते समय राकांपा (शप) प्रमुख शरद पवार मौन बैठे दिखे इस दौरान राकांपा के कार्यकारी अध्यक्ष एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रफुल्ल पटेल भी उपस्थित थे। लाउडस्पीकर पर घोषणाओं में लोगों से शांत रहने, अनुशासन बनाए रखने और अपनी सीट पर बैठे-बैठे ही दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि देने का आग्रह करते हुए कहा गया कि यही अजित पवार को सबसे बड़ी श्रद्धांजलि होगी, जो अपने सख्त अनुशासन के लिए जाने जाते थे। चिता को मुखाग्नि दिए जाते समय राकांपा (शप) प्रमुख शरद पवार मौन बैठे दिखे। उनके छोटे भाई प्रतापराव पवार भी वहां मौजूद थे। नेताओं ने पवार के पार्थिव देह पर पुष्पचक्र अर्पित की शाह, गडकरी, नवीन, फडणवीस, केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले, गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत, एकनाथ शिंदे, पूर्व केंद्रीय मंत्री सुशील कुमार शिंदे और आंध्र प्रदेश के मंत्री नारा लोकेश सहित कई नेताओं ने पवार के पार्थिव देह पर पुष्पचक्र अर्पित की। अजित पवार के छोटे भाई श्रीनिवास पवार, बहनें और चचेरे भाई अभिजीत पवार सहित परिवार के अन्य सदस्यों ने भी अपने दिवंगत भाई को श्रद्धांजलि अर्पित की। पूर्व मुख्यमंत्री सुशील कुमार शिंदे और अशोक चव्हाण, कांग्रेस की महाराष्ट्र इकाई के अध्यक्ष हर्षवर्द्धन सपकाल, पार्टी नेता माणिकराव ठाकरे और अभिनेता रितेश देशमुख ने भी श्रद्धांजलि अर्पित की। इससे पहले, शिवसेना (उबाठा) प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) प्रमुख राज ठाकरे ने काटेवाडी स्थित अजित पवार के आवास पर पुष्पांजलि अर्पित की। विमान दुर्घटना: जांच की ताजा स्थिति अजित पवार की मौत बुधवार को बारामती हवाई अड्डे पर एक विमान दुर्घटना में हुई थी। इस मामले में जांच एजेंसियां अब सक्रिय हो गई हैं: ब्लैक बॉक्स बरामद: नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने पुष्टि की है कि दुर्घटनाग्रस्त Learjet 45 का ‘ब्लैक बॉक्स’ मिल गया है। इसमें मौजूद कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर (CVR) से पायलटों की अंतिम बातचीत का पता चलेगा। ADR और जांच: पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु रिपोर्ट (ADR) दर्ज की है। प्रारंभिक जांच के अनुसार, खराब दृश्यता के कारण विमान को ‘गो-अराउंड’ करना पड़ा था, जिसके बाद लैंडिंग के समय उसका ATC से संपर्क टूट गया और विमान रनवे के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया। अन्य हताहत: इस हादसे में अजित पवार के साथ-साथ अनुभवी पायलट कैप्टन सुमित कपूर, को-पायलट शाम्भवी पाठक, सुरक्षा अधिकारी विदीप जाधव और अटेंडेंट पिंकी माली ने भी अपनी जान गंवाई। अजित पवार का विमान दुर्घटना में निधन अजित पवार के पार्थिव शरीर को बारामती के पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी अस्पताल से बृहस्पतिवार की सुबह उनके गांव ले जाया गया। पुणे से करीब 100 किलोमीटर दूर बारामती हवाई पट्टी के पास बुधवार सुबह एक ‘लियरजेट’ विमान के दुर्घटनाग्रस्त हो जाने से अजित पवार की मृत्यु हो गई थी। इस हादसे में दो पायलट, एक विमान परिचारक और एक निजी सुरक्षा अधिकारी की भी जान चली गई। विमान ‘टेबलटॉप रनवे’ से महज 200 मीटर की दूरी पर दुर्घटनाग्रस्त हुआ था, जिसमें पवार समेत विमान में सवार कुल पांच लोगों की मौत हो गई। दुर्घटना में जान गंवाने वालों में कैप्टन सुमित कपूर भी शामिल हैं, जिनके पास 15,000 घंटे का उड़ान अनुभव था। 1,500 घंटे का उड़ान अनुभव रखने वाली सह-पायलट कैप्टन शांभवी पाठक, निजी सुरक्षा अधिकारी (पीएसओ) विधिप जाधव और विमान परिचारिका पिंकी माली की भी इस हादसे में मौत हो गई। अस्पताल सूत्रों के अनुसार, उनके पार्थिव शरीर परिजनों को सौंप दिए गए हैं। एक अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने इस विमान दुर्घटना के संबंध में दुर्घटनावश मृत्यु रिपोर्ट (एडीआर) दर्ज की है। सरकार ने बुधवार को जारी बयान में बताया कि सुबह खराब दृश्यता के कारण हवा में एक चक्कर लगाने के बाद ‘लियरजेट’ विमान को उतरने की अनुमति दे दी थी। हालांकि, अनुमति मिलने के बाद भी विमान ने हवाई यातायात नियंत्रण (एटीसी) को कोई ‘रीड-बैक’ या प्रतिक्रिया नहीं दी और वह कुछ ही पल बाद रनवे के किनारे पर दुर्घटनाग्रस्त हो गया तथा उसमें आग लग गई। नागर विमानन मंत्रालय ने बृहस्पतिवार को कहा कि लियरजेट विमान का ‘‘ब्लैक बॉक्स’’ (जिसमें फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर और कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर शामिल हैं) बरामद कर लिया गया है।

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