शाहदरा में अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह का भंडाफोड़, 50 साल का शातिर गिरफ्तार, चार चोरी की गाड़ियां रिकवर

नई दिल्ली: दिल्ली के शाहदरा जिला पुलिस की एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वाड (AATS) ने अंतरराज्यीय वाहन चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर बड़ी सफलता हासिल की है। टीम ने 50 वर्षीय कुख्यात अपराधी कमरयाब को गिरफ्तार कर उसके पास से चार चोरी की लग्जरी कारें बरामद कीं। उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले का रहने वाला यह आरोपी पहले से आठ आपराधिक मामलों में वांछित था और कई बार जेल जा चुका है।

शाहदरा जिले के डीसीपी प्रशांत गौतम ने बताया कि जिले में चार पहिया वाहनों की चोरी की घटनाएं बढ़ने पर AATS टीम को सीसीटीवी फुटेज विश्लेषण और अपराधियों को पकड़ने का जिम्मा सौंपा गया। एसीपी ऑपरेशंस मोहिंदर सिंह की देखरेख में एसआई विक्रांत चौधरी के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। सादे लिबास में तैनात टीम ने लोकल इंटेलिजेंस जुटाया और गुप्त सूचना विकसित की।

13 दिसंबर को खबर मिली कि आरोपी कमरयाब चोरी की सफेद रंग की शेवरले बीट कार से ताहिरपुर चौक होते हुए एसडीएन हॉस्पिटल दिलशाद गार्डन की ओर आएगा। टीम ने आईएचबीएएस हॉस्पिटल के सामने घेराबंदी की और आरोपी को रंगे हाथों दबोच लिया। यह कार गाजियाबाद के लिंक रोड थाने में दर्ज चोरी के मामले की निकली।

पूछताछ में कमरयाब ने कबूल किया कि वह मेरठ के गांव सफियाबाद लोटी का रहने वाला है। बुरी संगत में पड़कर चोरी का रास्ता अपनाया। मेरठ और बुलंदशहर के साथी माजिद व ताजू के साथ मिलकर दिल्ली-एनसीआर से गाड़ियां चुराता था। चोरी की कारों की नंबर प्लेट बदलकर नई चोरियां करते और गाड़ियां सहारनपुर, संभल, मेरठ व जोधपुर में अज्ञात लोगों को बेच देते थे।

डीसीपी शाहदरा ने बताया कि उसकी निशानदेही पर तीन और कारें बरामद की गईं। इनमें मारुति ब्रेजा जीटीबी एन्क्लेव शाहदरा की, मारुति ब्रेजा रूप नगर नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट की और मारुति बलेनो केएन काटजू मार्ग रोहिणी की चोरी की थीं। इस कार्रवाई से दिल्ली और उत्तर प्रदेश की चार पुरानी एफआईआर हल हो गईं। कमरयाब का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड चोरी और हत्या के प्रयास के मामलों से भरा है। उसके फरार साथियों माजिद और ताजू की तलाश जारी है।

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