पीलीभीत : अस्पताल का पर्चा दिखाएं और दवा फ्री में ले जाए – संदीप सक्सेना

पीलीभीत  संकट के इस दौर में बहुत से लोग कोरोना वारियर्स  के रूप में काम कर रहे हैं. कोई गरीबों में आक्सीजन सिलेंडर बांट रहा है तो कोई खाना। कोई लाशों का अंतिम संस्कार करा रहा है तो कोई राहत सामग्री उपलब्ध करवा रहा है. हर कोई अपने-सपने स्तर से लोगों के मदद के लिए सामने आ रहा है. ऐसे ही कुछ भी पीलीभीत  में देखने को मिला. यहां एक शख्स ने गरीब, असहाय व कोरोना पेशेंट के लिए अपने मेडिकल स्टोर के दरवाजे खोल दिए. मेडिकल स्टोर पर जो भी दवा लेने आ रहा है वह अस्पताल का पर्चा दिखाएं और दवा फ्री में ले जाए. बकायदा एक बोर्ड मेडिकल स्टोर पर लगाकर इसका जोर-शोर से प्रचार किया जा रहा है.

पीलीभीत के नौगवां पकड़िया के रहने वाले 37 वर्षीय संदीप सक्सेना नवीन गल्ला मंडी के सामने अपना एक मेडिकल स्टोर चलाते हैं. इस कोरोना काल के संकट में उनके मन में एक बात आई कि वह लोगों की किस तरीके से मदद कर पाएं, क्योंकि वह एक मेडिकल स्टोर चलाते हैं और लगातार वह देख रहे थे कि किस तरीके से लोग कोरोना संकट में दवा से जूझ रहे हैं.

इसको देख कर उन्होंने अपने मेडिकल स्टोर की दवाएं गरीब, असहाय व कोरोना पेशेंट के लिए मुफ्त में देने का निर्णय लिया. इस काम में वह लगातार 16 घंटे रोज़ काम कर रहे हैं. 10 से 12 ऐसे मरीज रोज़ मेडिकल स्टोर में पहुंचते हैं जिनके पास पैसे की कमी होती है. संदीप सक्सेना पर्चे में लिखी दवाएं उनको भेंट कर देते हैं. वे इसके लिए पैसा नहीं लेते. जो लोग इन दवाओं का थोड़ा बहुत पैसा देना चाहते हैं, वे उस पैसे से दवा लाकर दूसरे मरीजों की सेवा करते हैं

पिछले साल कोरोना संकट के दौर में उन्होंने लोगों को भोजन बांटा था. इस बार भी वह लोगों की सेवा करना चाहते थे. मेडिकल पर उन्होंने देखा कि इस बार लोग दवा के आभाव मे हैं तो उन्होंने इस संकट के दौर में गरीब, असहाय व करोना जैसी महामारी से जूझ रहे लोगों के लिए फ्री में दवाओं की वितरण करने का सोचा और अपने मेडिकल स्टोर का दरवाजा इन लोगों के लिए खोल दिया.

संदीप इस सेवा भाव से अपने आप को अत्यंत सुखी महसूस कर रहे हैं. दवा लेने वाले लोगों का क्या कहना है मेडिकल स्टोर पर पहुंचने वाले असहाय लोगों को देंखा जा सकता है कि वह संदीप के लिए किस तरीके से दुआएं मांग रहे हैं और इस संकट की घड़ी में उनकी मदद करने के लिए तहे दिल से शुक्रिया अदा करते नजर आए.

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