भाई-बहन मिलकर करते थे स्नैचिंग, लुधियाना तक पीछा कर पुलिस ने दबोचा, चोरी की बाइक और लूटा फोन बरामद

नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस के उत्तर-पश्चिम जिला अंतर्गत थाना मौर्य एन्क्लेव की टीम ने एक सनसनीखेज कार्रवाई करते हुए ‘भाई-बहन’ के एक ऐसे गिरोह को गिरफ्तार किया है, जो सड़क पर राहगीरों से मोबाइल और चेन झपटते थे। पुलिस ने इस मामले में मनिंदर कौर उर्फ सिमरन (22 वर्ष) और उसके भाई अमनप्रीत सिंह (24 वर्ष) को गिरफ्तार किया है। जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि ये दोनों भाई-बहन आदतन अपराधी हैं और इनके खिलाफ दिल्ली के विभिन्न थानों में चोरी और स्नैचिंग के कुल 31 आपराधिक मामले दर्ज हैं।

उत्तर-पश्चिम जिले की डीसीपी आकांक्षा यादव ने बताया कि 18 मार्च को तितिक्षा शर्मा नामक युवती ने शिकायत दर्ज कराई थी कि जब वह पीतमपुरा में मेट्रो पिलर नंबर 289 के पास पहुंची, तभी स्कूटी सवार एक लड़का और लड़की उसका मोबाइल छीनकर फरार हो गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसीपी सुभाष प्लेस सृष्टि भट्ट और थाना प्रभारी मदन मीणा के नेतृत्व में हेड कांस्टेबल संदीप कौशिक, विजय मलिक, कुलदीप और कांस्टेबल राजू राम की एक विशेष टीम गठित की गई।

टीम ने तकनीकी सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज के गहन विश्लेषण के बाद पाया कि आरोपी जिस मोटरसाइकिल का इस्तेमाल कर रहे थे, वह समयपुर बादली इलाके से चोरी की गई थी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए महज 5 घंटे के भीतर महिला आरोपी मनिंदर कौर को चंदर विहार से दबोच लिया। पूछताछ में उसने कबूल किया कि छीना हुआ मोबाइल उसके भाई अमनप्रीत के पास है, जो गिरफ्तारी से बचने के लिए पंजाब भाग गया है। पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी अमनप्रीत को लुधियाना, पंजाब से गिरफ्तार किया और उसके कब्जे से लूटा गया फोन बरामद कर लिया।

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, अमनप्रीत सिंह के खिलाफ स्नैचिंग और चोरी के 23 मामले दर्ज हैं, जबकि उसकी बहन मनिंदर कौर 8 मामलों में संलिप्त रही है। ये दोनों भाई-बहन ऐशो-आराम की जिंदगी जीने और आसान पैसा कमाने के लिए अपराध की दुनिया में उतरे थे। पुलिस ने इनके पास से चोरी की एक मोटरसाइकिल और लूटा गया मोबाइल फोन बरामद किया है। फिलहाल पुलिस इनसे पूछताछ कर रही है ताकि इनके द्वारा अंजाम दी गई अन्य वारदातों का पता लगाया जा सके। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

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