2019 लोकसभा चुनाव में किसी भी पार्टी को बहुमत हासिल नहीं होगा : शरद पवार

0 6
मुंबई, । राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) अध्यक्ष शरद पवार ने मंगलवार को अनुमान जताया कि 2019 चुनाव में किसी भी पार्टी को बहुमत हासिल नहीं होगा और केंद्र व महाराष्ट्र दोनों जगह की सरकारें बदलेंगी।

 

मौजूदा राजनीतिक परिदृश्य की तुलना 2004 से करते हुए, वरिष्ठ नेता ने कहा कि यह संभव नहीं दिख रहा कि 2019 में कोई एक पार्टी सत्ता में आए।
पवार ने इंडिया टूडे समूह द्वारा मंगलवार को आयोजित ’मुंबई मंथन’ में कहा, “मुझे नहीं लगता कि सत्ता का समीकरण महाराष्ट्र और केंद्र में समान रहेगा। यह 2004 की स्थिति होगी,
जब किसी भी पार्टी को बहुमत हासिल नहीं हुआ था, लेकिन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की अगुवाई में एक सरकार 10 वर्षो तक कायम रही।“
उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी की अगुवाई में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन(राजग) चुनाव में ’शाइनिंग इंडिया’ अभियान के साथ उतरी था, लेकिन चुनाव जीतने में विफल रहा।
पवार ने कहा, “वाजपेयी के कद और नेतृत्व की मौजूदा प्रधानमंत्री के कद और नेतृत्व से तुलना करने पर, मैं महसूस करता हूं कि वाजपेयी भाजपा के सबसे बड़े नेता थे। मुझे नहीं लगता है कि पार्टी में आज वैसी स्थिति है।“
’राजनीति में खालीपन’ के बहस को खारिज करते हुए उन्होंने पूछा, “किसने 2004 में यह सोचा था कि मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री बनेंगे?“
उन्होंने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम के सोमवार को दिए बयान का संदर्भ दिया। चिदंबरम ने सोमवार को कहा था कि कांग्रेस ने 2019 चुनाव के लिए अपने अध्यक्ष राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीवार घोषित नहीं किया है।
पवार ने कहा, “चिदंबरम ने सच कहा है और कांग्रेस पार्टी की स्थिति को सामने रखा है। कांग्रेस नेताओं से मेरी बातचीत के आधार पर, यह स्पष्ट है कि पार्टी बदलाव चाहती है,
लेकिन पार्टी ने यह कभी नहीं कहा कि वह किसी को प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार को तौर पर पेश करना चाहती है और न ही कभी दूसरे दलों पर इसे थोपने की कोशिश की है।“
उन्होंने सलाह दी कि विपक्ष की तरफ से किसी भी नेता को 2019 चुनाव में प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के तौर पर पेश नहीं करना चाहिए और प्रधानमंत्री उम्मीदवार के बारे में चुनाव बाद ही गठबंधन के साथियों द्वारा निर्णय लिया जाना चाहिए।
’महागठबंधन’ के बारे में उन्होंने कहा, “हम (राकांपा) इस तरह के किसी महागठबंधन के बारे में बात नहीं करते।
मैंने भाजपा का विकल्प मुहैया कराने के लिए सभी पार्टियों से एक विपक्षी गठबंधन को लेकर बात की है,
यह भी पढ़ें: शिवपाल यादव ने नई पार्टी ‘प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया’ EC में नाम कराया रजिस्‍टर्ड
लेकिन इस तरह के किसी गठबंधन के अस्तित्व में आने की स्थितियां नहीं दिख रही हैं। हरेक राज्य में जमीनी वास्तविकता बहुत अलग है।“

Leave A Reply

Your email address will not be published.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More