अब वरासत
लखनऊ,। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को राजधानी के गोमती नगर के खरगापुर में सदर तहसील के नवनिर्मित भवन का लोकार्पण किया।
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने राजस्व की दो महत्वपूर्ण सेवाओं वरासत और हैसियत के आवेदन के ऑनलाइन क्रियान्वयन का शुभारंभ किया। वरासत जिसके लिए ग्रामीण वर्षों दशकों तक चक्कर लगाते थे,
अब ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। इससे तय सीमा में उनकी वरासत दर्ज हो जाएगी। इसी तरह हैसियत प्रमाण पत्र के लिए भी अब नहीं भटकना पड़ेगा।
इसका भी आवेदन ऑनलाइन होगा और 20 दिन के अंदर प्रमाण पत्र जारी होगा।
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि डेढ़ साल पहले जब हमने सत्ता संभाली थी तब प्रदेश अपनी पहचान खो चुका था। कानून व्यवस्था चौपट थी। साथ ही संगठित अपराध की वजह से प्रदेश की छवि धूमिल हो चुकी थी।
यहां के नौजवान मुंबई बंगलुरु नागपुर कोलकाता जैसे शहरों में जाकर नौकरी कर रहे थे। हमारी सरकार ने ‘टीम वर्क’ के साथ काम कर संगठित अपराध और राजनीतिक संरक्षण में अराजक गतिविधि पर काफी नियंत्रण पा लिया है।
लेकिन राजस्व विवाद और खेत-मेढ़ से जुड़े विवाद में लोगों की जान जा रही है। यह चुनौती अभी भी बनी हुई हैं। 
मुख्यमंत्री ने कहा कि जमीनी विवाद को प्रारंभ में ही गंभीरता से लेने और तकनीक का अधिकाधिक प्रयोग कर इस संकट का समाधान किया जा सकता है।
उन्होंने राजस्व प्रशासन के कामकाज में तकनीक के प्रयोग को तेजी से अपनान के लिए राजस्व परिषद के चेयरमैन प्रवीर कुमार और उनकी टीम की सराहना की। योगी ने कहा कि
सरकार राजस्व प्रशासन को एक बेहतर सिस्टम और इन्फ्रास्ट्रक्चर देने का प्रयास कर रही है। नई तहसील उसी ओर एक महत्वपूर्ण कदम है।
योगी ने कहा कि हमारी सरकार ने रोजगार के नए अवसर पैदा किए। इन्वेस्टर्स समिट में 75 हजार करोड़ का निवेश हुआ।
यह भी पढ़ें: ‘कृषि कुम्भ’ के नाम पर किसानों को भ्रमित कर रही है योगी सरकार : कांग्रेस
जिससे रोजगार के अवसर मिले हैं। उन्होंने कहा कि एक लाख करोड़ रुपए का दिसंबर में और निवेश होगा। इससे रोजगार के और नए अवसर पैदा होंगे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.